कुछ चुनिंदा रूमानी शेर

 कहते हैं कि मुहब्बत में अक्सर लोग शायर बन जाते हैं तो शायरों को तो मुहब्बत होगी ही। पेश हैं कुछ चुनिंदा शेर जो मुहब्बत में डूबे शायरों ने कहे





दिल धड़कने का सबब याद आया

वो तिरी याद थी अब याद आया



आख़री हिचकी तिरे ज़ानूँ पे आए

मौत भी मैं शाइराना चाहता हूँ


अगर तलाश करूँ कोई मिल ही जाएगा

मगर तुम्हारी तरह कौन मुझ को चाहेगा



यारो कुछ तो ज़िक्र करो तुम उस की क़यामत बाँहों का

वो जो सिमटते होंगे उन में वो तो मर जाते होंगे


#lovestatus #loveshayari 



दिल में किसी के राह किए जा रहा हूँ मैं

कितना हसीं गुनाह किए जा रहा हूँ मैं



लोग कहते हैं कि तू अब भी ख़फ़ा है मुझ से

तेरी आँखों ने तो कुछ और कहा है मुझ से



बेचैन इस क़दर था कि सोया न रात भर

पलकों से लिख रहा था तिरा नाम चाँद पर


अभी आए अभी जाते हो जल्दी क्या है दम ले लो

न छेड़ूँगा मैं जैसी चाहे तुम मुझ से क़सम ले लो



एक चेहरा है जो आँखों में बसा रहता है

इक तसव्वुर है जो तन्हा नहीं होने देता

111111

दिल धड़कने का सबब याद आया

वो तिरी याद थी अब याद आया

अपने जैसी कोई तस्वीर बनानी थी मुझे

मिरे अंदर से सभी रंग तुम्हारे निकले



इलाज अपना कराते फिर रहे हो जाने किस किस से

मोहब्बत कर के देखो ना मोहब्बत क्यूँ नहीं करते



तुम्हारे शहर का मौसम बड़ा सुहाना लगे

मैं एक शाम चुरा लूँ अगर बुरा न लगे


तुम फिर उसी अदा से अंगड़ाई ले के हँस दो

आ जाएगा पलट कर गुज़रा हुआ ज़माना



तुम्हारा नाम आया और हम तकने लगे रस्ता

तुम्हारी याद आई और खिड़की खोल दी हम ने



जहाँ में होने को ऐ दोस्त यूँ तो सब होगा

तिरे लबों पे मिरे लब हों ऐसा कब होगा



यूँ तिरी याद में दिन रात मगन रहता हूँ

दिल धड़कना तिरे क़दमों की सदा लगता है



दिल से उठता है सुब्ह-ओ-शाम धुआँ

कोई रहता है इस मकाँ में अभी



क्यूँ मेरी तरह रातों को रहता है परेशाँ

ऐ चाँद बता किस से तिरी आँख लड़ी है



शाम ढले ये सोच के बैठे हम अपनी तस्वीर के पास

सारी ग़ज़लें बैठी होंगी अपने अपने मीर के पास



इस क़दर भी तो न जज़्बात पे क़ाबू रक्खो

थक गए हो तो मिरे काँधे पे बाज़ू रक्खो


Comments

Popular posts from this blog

Hamara Dam Nikala Hai, Shayari about Love

लव शायरी

Love shayari